मनन का अनुशासन

Hands clasped in prayer over an open Bible symbolizing the discipline of meditation on God’s Word (Joshua 1:8).

व्यवस्था की यह पुस्तक तेरे चित्त से कभी न उतरने पाए, इसी में दिन रात मनन करते रहना, इसलिये कि जो कुछ उस में लिखा है उसके अनुसार करने की तू चौकसी करे; क्योंकि ऐसा ही करने से तेरे सब काम सफल होंगे, और तू प्रभावशाली होगा (यहोशू 1:8)। सफलता का रहस्य केवल परमेश्वर के […]

अपने आप को पूरी तरह से दे दो!

इन बातों पर मनन करो; अपने आप को पूरी तरह से उनको दे दो; कि तेरा लाभ सब को प्रगट हो। (1 तीमुथियुस 4:15) बहुतों ने परमेश्वर के वचन को अपने जीवन में परिणाम उत्पन्न करते हुए नहीं देखा है, क्योंकि वे हमारे मुख्य वचन में दिए गए निर्देश से चूक गए हैं। निर्देश यह […]

परमेश्वर की आवाज़ पर मनन करना

व्यवस्था की यह पुस्तक तेरे चित्त से कभी न उतरने पाए, इसी में दिन रात ध्यान दिए रहना, इसलिये कि जो कुछ उस में लिखा है उसके अनुसार करने की तू चौकसी करे; क्योंकि ऐसा ही करने से तेरे सब काम सफल होंगे, और तू प्रभावशाली होगा। (यहोशू 1:8) परमेश्वर की आवाज़ सिर्फ़ दिव्य निर्देश […]

वचन का दृष्टिकोण

तेरे वचनों के प्रवेश से प्रकाश निकलता है; उस से भोले लोग समझ प्राप्त करते हैं। (भजन संहिता 119:30) परमेश्वर का वचन सर्वशक्तिमान है। इसमें आपको वह बनाने की अंतर्निहित क्षमता है जिसके बारे में यह कहता है। यह आपको वह दृष्टिकोण देता है जो आपको उस उद्देश्य के साथ एक कर देता है जिसके […]