सुसमाचार को हर दिन जीना

हमारी पत्री तुम ही हो, जो हमारे हृदयों पर लिखी हुई है, और उसे सब मनुष्य पहिचानते और पढ़ते है। (2 कुरिन्थियों 3:2) सुसमाचार केवल एक संदेश नहीं है जिसे हम प्रचार करते हैं; यह एक ऐसा जीवन है जिसे हम जीते हैं। हर दिन लोग हमारे व्यवहार, हमारे कार्यों और हमारी प्रतिक्रियाओं को देखते […]
नवीकृत सामर्थ

परन्तु जो यहोवा की बाट जोहते हैं, वे नया बल प्राप्त करते जाएंगे, वे उकाबों की नाईं उड़ेंगे…” (यशायाह 40:31) नवीकरण का अर्थ है पुनर्जीवित — यानि फिर से जीवित होना। परमेश्वर ने कभी नहीं चाहा कि आप कमज़ोर, खाली या थके हुए रहें। जब आप प्रभु की बाट जोहते हैं, तब एक दिव्य एक्सचेंज […]
कमी से इनकार करे

और मेरा परमेश्वर भी अपने उस धन के अनुसार जो महिमा सहित मसीह यीशु में है तुम्हारी हर एक घटी को पूरी करेगा। (फिलिप्पियों 4:19) बहुत से लोग लगातार कमी, सीमाओं और अपर्याप्तता के बारे में सोचते रहते हैं, और बिना जाने ही अपने मन को गरीबी की ओर ढाल लेते हैं। लेकिन परमेश्वर ने […]
पवित्र आत्मा के साथ संरेखण

परन्तु जो यहोवा की बाट जोहते हैं, वे नया बल प्राप्त करते जाएंगे…” (यशायाह 40:31) एक विश्वासी के जीवन में सबसे महत्वपूर्ण बातों में से एक है पवित्र आत्मा के साथ संरेखण में रहना। बहुत से लोग प्राकृतिक विचारों, चिंताओं और दबावों में उलझ जाते हैं, लेकिन परमेश्वर ने कभी नहीं चाहा कि आप डर […]
अपने विचारों को मसीह की आज्ञाकारिता में बंदी बनाइए!

हम तर्क-वितर्कों और हर ऊँची बात को, जो परमेश्वर की पहचान के विरोध में उठती है, नष्ट करते हैं; और हर एक विचार को बंदी बनाकर मसीह की आज्ञाकारिता के अधीन कर लेते हैं। (2 कुरिन्थियों 10:5, अनुवादित Amplified Classic से) आपके विचार आपके जीवन की दिशा तय करते हैं। जो आपके मन में बना […]
प्रभु यीशु – वह जो आपके जीवन को सुंदर बनाता है

हे सब परिश्रम करने वालों और बोझ से दबे लोगों, मेरे पास आओ; मैं तुम्हें विश्राम दूंगा। (मत्ती 11:28) प्रभु यीशु केवल दूर से आपके जीवन को बदलने वाला नहीं है—वह आपके पास आता है, आपके साथ चलता है, और अपनी उपस्थिति के द्वारा आपके जीवन को सुंदर बनाता है। आपके जीवन की सुंदरता पहले […]
प्रभु यीशु – वह जो हर परिस्थिति में आपका मार्गदर्शन करता है

मेरी भेड़ें मेरा शब्द सुनती हैं, और मैं उन्हें जानता हूं, और वे मेरे पीछे पीछे चलती हैं। (यूहन्ना 10:27) प्रभु यीशु आपके निर्णयों से दूर नहीं है—वह हर कदम पर आपका व्यक्तिगत रूप से मार्गदर्शन करता है। वह आपको जानता है, आपके जीवन के हर विवरण से अवगत है, और आपसे बात करता हैं। […]
प्रभु यीशु को अपना मानें

हे सब परिश्रम करने वालों और बोझ से दबे लोगों, मेरे पास आओ; मैं तुम्हें विश्राम दूंगा। (मत्ती 11:28) आप अपने जीवन में प्रभु यीशु को कैसे पहचानते हैं, यह इस बात को निर्धारित करता है कि आपका उसके साथ कैसा रिश्ता हैं। यह एक बात है कि आप जानते हैं कि यीशु प्रभु हैं, […]
आप परमेश्वर की भविष्यवाणी की अभिव्यक्ति हैं

आकाश और पृथ्वी टल जाएंगे, परन्तु मेरी बातें कभी न टलेंगी। (मत्ती 24:35) क्या आपने कभी महसूस किया है कि आपका जीवन रैंडम नहीं है? आप पृथ्वी पर परमेश्वर की भविष्यवाणी की योजना की अभिव्यक्ति हैं। आपके अस्तित्व में उद्देश्य है, और आपका जीवन उस बात को प्रकट करने के लिए है जो परमेश्वर पहले […]
गलत क्लबों से बाहर निकलें

धोखा न खाना, बुरी संगति अच्छे चरित्र को बिगाड़ देती है। (1 कुरिन्थियों 15:33) लोग अनजाने में कुछ अदृश्य ‘क्लबों’ में शामिल हो जाते हैं—कंजूसों का क्लब, शिकायतकर्ताओं का क्लब, डरपोकों का क्लब, या संदेह करने वालों का क्लब। इनमें से हर एक मानसिक और आत्मिक क्लब लोगों को सीमाओं में फंसा देते है। कुछ […]